साथ हो तुम, खास हो तुम
मेरे दिलके बहोत पास हो तुम |कैसे कहु कितनी मोहब्बत है तुमसे ?
लफ़्ज़ोंसे जो ना हो बयां,
एक मेहेकासा एहसास हो तुम |
हा मे हू पागल,
पागल यूँ तेरे प्यारमे....
के मेरी सारी खुशियां बसी तेरी एक मुस्कान मे |
पागल यूँ तेरे प्यारमे....
के मेरी दुनिया बसी है तेरी निगाहोंमे |
तू गुस्सा हो जब,
तू गुस्सा हो जब तो गुस्सा खुदपे आता है,
तुझे भूलसे कही बातोंपर दिल आजभी पछताता है |
मेरी नादानियां, बेरुखी, गुस्ताखी, बचकानी हरकतें
सबकुछ तूने साहा |
दिल तूटकरभी तेरा,
तूने कुछना कहा |
अब साथ तो है हम,
अब साथ तो है हम, पर पास नही..
प्यार तो है...
प्यार तो है मगर, पहले जैसी वो बातें नहीं |
दूर तुझे जाते देख,
तूटसी मे जाती हूँ...
कही खो ना दु तुझे भीड़में
इस खयालसे मर्सी मे जाती हूँ |
हा फिर भी हू पागल,
पागल यूँ तेरे प्यार मे...
के संग तेरे रेहैना चाहूँ सदा |
पागल यूँ तेरे प्यार मे...
खयाल तेराही है हमेशा |
केहै भी दो...
केहै भी दोना अब तुम भी,
और कितना तड़पाओगे,
तुम्हारी आँखोंमें मेरे लिए प्यार दिखता है,
जाहिर तो करो अपने जझबातोकों,
ज्यादादिन नाराज, अपने चीकूसे दूर.... नही रेहैपाओगे |
तेरा साथ उम्रभर, तेरा प्यार उम्रभर,
तेरेसंग खुलके जीना मे चाहती हूँ |
तुझे सीनेसे लगाकर, सारी दुनियासे छुपाकर, मेहैफूज रखना मे चाहती हूँ | ❤
तेरे कदमोंको चूमके, माफी मांगके,
तेरे बाहोंमें बिखरना में चाहती हूँ |
तेरा हाथ थामकर, आगे की जिंदगी,
तेरा साथ मरतेदमतक निभाना में चाहती हूँ |
क्यूँकि... हा... मे हू पागल,
एक पागल तेरे प्यार मे |
मेरे दिलके बहोत पास हो तुम |कैसे कहु कितनी मोहब्बत है तुमसे ?
लफ़्ज़ोंसे जो ना हो बयां,
एक मेहेकासा एहसास हो तुम |
हा मे हू पागल,
पागल यूँ तेरे प्यारमे....
के मेरी सारी खुशियां बसी तेरी एक मुस्कान मे |
पागल यूँ तेरे प्यारमे....
के मेरी दुनिया बसी है तेरी निगाहोंमे |
तू गुस्सा हो जब,
तू गुस्सा हो जब तो गुस्सा खुदपे आता है,
तुझे भूलसे कही बातोंपर दिल आजभी पछताता है |
मेरी नादानियां, बेरुखी, गुस्ताखी, बचकानी हरकतें
सबकुछ तूने साहा |
दिल तूटकरभी तेरा,
तूने कुछना कहा |
अब साथ तो है हम,
अब साथ तो है हम, पर पास नही..
प्यार तो है...
प्यार तो है मगर, पहले जैसी वो बातें नहीं |
दूर तुझे जाते देख,
तूटसी मे जाती हूँ...
कही खो ना दु तुझे भीड़में
इस खयालसे मर्सी मे जाती हूँ |
हा फिर भी हू पागल,
पागल यूँ तेरे प्यार मे...
के संग तेरे रेहैना चाहूँ सदा |
पागल यूँ तेरे प्यार मे...
खयाल तेराही है हमेशा |
केहै भी दो...
केहै भी दोना अब तुम भी,
और कितना तड़पाओगे,
तुम्हारी आँखोंमें मेरे लिए प्यार दिखता है,
जाहिर तो करो अपने जझबातोकों,
ज्यादादिन नाराज, अपने चीकूसे दूर.... नही रेहैपाओगे |
तेरा साथ उम्रभर, तेरा प्यार उम्रभर,
तेरेसंग खुलके जीना मे चाहती हूँ |
तुझे सीनेसे लगाकर, सारी दुनियासे छुपाकर, मेहैफूज रखना मे चाहती हूँ | ❤
तेरे कदमोंको चूमके, माफी मांगके,
तेरे बाहोंमें बिखरना में चाहती हूँ |
तेरा हाथ थामकर, आगे की जिंदगी,
तेरा साथ मरतेदमतक निभाना में चाहती हूँ |
क्यूँकि... हा... मे हू पागल,
एक पागल तेरे प्यार मे |

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